रिपोर्ट:जय प्रकाश श्रीवास्तव
इस वर्ष 22 सितंबर दिन सोमवार से शारदीय नवरात्रि की शुरुआत हो रही है। उत्तर प्रदेश के प्रत्येक जिलों में ही नहीं बल्कि पूरे भारत में शारदीय नवरात्रि में पूजा पंडालों को सजाया जाता है एक से एक आकर्षक पूजा पंडाल बनाए जाते हैं जिसमें मां शेरावाली की मूर्ति की स्थापना की जाती है और विशेष पूजन उत्सव मनाया जाता है। नवरात्रि के पूजन का इंतजार लोगों को बड़े ही बेसब्री से रहता है,वहीं नवरात्रि मेले की धूम और नवरात्रि पूजन उत्सव को मनाने के लिए शासन प्रशासन ने भी कमर कस लिया है। पूजा पंडाल से जुड़े लोगों को विशेष दिशा निर्देश जारी कर दिया गया है। जिसका अलग-अलग जिला पुलिस मुख्यालयों,थानों,चौकियों पर जिला प्रशासन के अधिकारियों ने बैठक कर सभी को जानकारी दे दीं हैं। साथी साथ प्रशासन के अधिकारियों ने यह भी बताया है कि किसी भी लापरवाही पर या किसी भी तरह के उपद्रव होने पर पकड़े जाने वाले के साथ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
निर्देशों के साथ-साथ और क्या-क्या ध्यान में रखें—
१-पूजा पंडालों में सुरक्षा व्यवस्थाएं सुनिश्चित करें।
२-अग्निशमन यंत्र की व्यवस्था पूजा पंडालों में हो।
३-बड़े टंकी में पानी की व्यवस्था पूजा पंडालों के पास हमेशा हो।
४-कर्कश ध्वनि के डी जे साउंड कत्तई बर्दाश्त नहीं। केवल दो लाउडर लगा सकते हैं।
५.किसी भी प्रकार की समस्या उत्पन्न होने पर अपने नजदीकी पुलिस चौकी या थाने पर तुरंत सूचना दें।
६.पूजा पंडालों में रात्रि के समय स्वयं रात्रि जागरण कर पूजा पंडालों की सुरक्षा व्यवस्था करें।
७.पूजा पंडालों में किसी भी तरह का अभद्र गीत संगीत का कार्यक्रम नहीं होना चाहिए।
८.पूजा पंडालों में मां की मूर्ति के अनावरण के साथ ही पूरे तन मन और स्वच्छ हृदय के साथ माता की पूजा करें।
९.पूजा पंडालों से जुड़े सभी कार्यकर्ता सुबह शाम-आरती के समय अवश्य शामिल होने का पूरा प्रयास करें।
१०.याद रखें पूजा पाठ एक सामाजिक सरोकार है जिसमें सभी को मिलजुल करके शांति का माहौल बनाकर के पूजन कार्य करना चाहिए।
आइए हम सब मिलकर बनाएं इस नवरात्रि को और भी ज्यादा आकर्षक
